BCG वैक्सीन: टीबी (तपेदिक) से सुरक्षा का सबसे मजबूत कवच; जानें इसके फायदे, उपयोग और जरूरी सावधानियां

BCG वैक्सीन दुनिया भर में Tuberculosis -TB जैसी जानलेवा बीमारी से बचाव के लिए उपयोग की जाने वाली एक प्रमुख दवा है.

Update: 2026-03-12 15:00 GMT

BCG (Bacillus Calmette-Guérin) वैक्सीन दुनिया भर में तपेदिक (Tuberculosis -TB) जैसी जानलेवा बीमारी से बचाव के लिए उपयोग की जाने वाली एक प्रमुख दवा है. भारत में इसे 'राष्ट्रीय नियमित टीकाकरण कार्यक्रम' का अनिवार्य हिस्सा माना जाता है, जो बच्चों को जन्म के समय ही सुरक्षा प्रदान करता है।

BCG वैक्सीन क्या है और यह कैसे काम करती है?

यह एक इम्युनोस्टिमुलेंट (प्रतिरक्षा उत्तेजक) दवा है. इसमें 'माइकोबैक्टीरियम बोविस' (Mycobacterium bovis) नाम के बैक्टीरिया का कमजोर रूप होता है.जब यह टीका शरीर में लगाया जाता है, तो यह हमारी टी-कोशिकाओं (T-cells) को सक्रिय करता है। ये कोशिकाएं शरीर की सुरक्षा प्रणाली को सिखाती हैं कि असली टीबी फैलाने वाले बैक्टीरिया (Mycobacterium tuberculosis) की पहचान कैसे करनी है और उसे कैसे खत्म करना है। इस टीके का सुरक्षा चक्र सालों तक बना रहता है.

BCG वैक्सीन के प्रमुख लाभ (Benefits)

यह छोटे बच्चों को 'टीबी मेनिनजाइटिस' (दिमाग की टीबी) और 'माइलरी टीबी' (पूरे शरीर में फैलने वाली टीबी) जैसी खतरनाक स्थितियों से बचाता है. शोध बताते हैं कि यह टीका कुष्ठ रोग के खिलाफ भी कुछ हद तक सुरक्षा प्रदान कर सकता है. समय पर टीकाकरण शिशुओं में टीबी से होने वाली मृत्यु दर को काफी हद तक कम कर देता है.

उपयोग करने का तरीका और खुराक (Method & Dosage)

यह टीका हमेशा एक प्रशिक्षित डॉक्टर या नर्स द्वारा लगाया जाना चाहिए. इसे ऊपरी बांह (डेल्टॉइड मांसपेशी) पर त्वचा की ऊपरी परत में (Intradermal) लगाया जाता है. आमतौर पर यह एकल खुराक (Single Dose) के रूप में दी जाती है। शिशुओं के लिए खुराक बहुत कम (0.05 ml) होती है, जबकि बड़ों के लिए यह 0.1 ml होती है. इसे लगाने के लिए एक खास बहु-आयामी सुई या मल्टीपल पंचर डिवाइस का उपयोग किया जा सकता है.

किसे लगवाना चाहिए? (Indications)

भारत में हर बच्चे को जन्म के तुरंत बाद या पहले वर्ष के भीतर यह टीका लगवाना जरूरी है. जिनका स्किन टेस्ट (Mantoux Test) नेगेटिव है, लेकिन वे टीबी मरीजों के बीच रहते हैं. ऐसे डॉक्टर या नर्स जो दवा-प्रतिरोधी टीबी (Drug-resistant TB) वाले मरीजों का इलाज कर रहे हैं.

सावधानियां और दुष्प्रभाव (Side Effects)

टीकाकरण के बाद कुछ सामान्य लक्षण दिख सकते हैं, जो घबराने की बात नहीं हैं. हल्का बुखार, सिरदर्द, थकान या इंजेक्शन वाली जगह पर ग्रंथियों में सूजन. बीसीजी टीका लगाने के कुछ हफ्ते बाद वहां एक छोटा सा घाव या फुंसी बन सकती है, जो 2-3 महीने तक रह सकती है। यह इस बात का संकेत है कि टीका असर कर रहा है. इंजेक्शन वाले स्थान को कम से कम 24 घंटे तक साफ, सूखा और हल्के कपड़े से ढक कर रखें।

किसे यह टीका नहीं लगवाना चाहिए? (Contraindications)

एचआईवी (HIV) से पीड़ित व्यक्ति या जिनका अंग प्रत्यारोपण (Organ Transplant) हुआ हो. आमतौर पर गर्भावस्था के दौरान इससे बचने की सलाह दी जाती है. अगर पहले कभी टीके से कोई गंभीर एलर्जी हुई हो.

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